दिल्ली में छठ महापर्व को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार इस साल राजधानी में 1,400 से ज्यादा छठ घाट बनाने की योजना पर काम कर रही है। इन घाटों पर श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और साफ-सफाई का खास ध्यान रखा जाएगा। इसके लिए सीसीटीवी कैमरे, पर्याप्त रोशनी, शौचालय, महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम और जरूरत के मुताबिक दमकल की गाड़ियां तैनात की जाएंगी।
छठ पूजा का पर्व 13 से 16 नवंबर तक मनाया जाएगा। दिल्ली में 16 नवंबर को सार्वजनिक अवकाश रहेगा। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, बड़े और मध्यम आकार के घाटों पर टेंट, स्वागत द्वार और प्रमुख मॉडल घाटों पर एलईडी स्क्रीन भी लगाई जाएंगी। अधिकारियों को भीड़ नियंत्रित करने और आपात स्थिति से निपटने के लिए जरूरी इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं।
6 नवंबर तक पूरी करनी होंगी घाटों की शुरुआती तैयारियां
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि 6 नवंबर तक घाटों पर बुनियादी तैयारियां पूरी कर ली जाएं। छठ पर्व शुरू होने से कम से कम दो दिन पहले प्रमुख व्यवस्थाएं भी पूरी करनी होंगी। इसके बाद पानी भरने और टेंट लगाने जैसे बाकी काम किए जाएंगे।
सरकार इस बार भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (ICCR) के सहयोग से विदेशी राजदूतों और उच्चायुक्तों को भी छठ पूजा में आमंत्रित करने की योजना बना रही है। इसके लिए किसी उपयुक्त और अच्छी तरह तैयार घाट पर कार्यक्रम आयोजित करने की संभावना तलाशी जा रही है।
महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम, घाटों पर 24 घंटे सफाई
दिल्ली सरकार के मुताबिक, इस साल 1,400 से ज्यादा घाट तैयार करने का लक्ष्य है। पिछले साल राजधानी में 1,326 घाट बनाए गए थे।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए घाटों पर पर्याप्त शौचालय, महिलाओं के लिए कपड़े बदलने के कमरे और कूड़ेदान लगाए जाएंगे। 15 और 16 नवंबर को भीड़ के दौरान चौबीसों घंटे सफाई व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
सड़कों की मरम्मत और रोशनी पर भी ध्यान
छठ घाटों तक पहुंचने वाले रास्तों को भी बेहतर बनाया जाएगा। अधिकारियों को सड़कों की मरम्मत करने, गड्ढे भरने और मलबा हटाने के निर्देश दिए गए हैं। धूल कम करने के लिए सड़कों पर नियमित रूप से पानी का छिड़काव किया जाएगा।
इसके अलावा, घाटों तक जाने वाले रास्तों पर पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था होगी। ट्रैफिक पुलिस आयोजकों के साथ मिलकर पार्किंग, रूट डायवर्जन और जरूरत पड़ने पर सड़कें बंद करने की योजना बनाएगी।
घाटों पर दमकल की गाड़ियां और सीसीटीवी से निगरानी
भीड़भाड़ वाले प्रमुख घाटों के पास दमकल की गाड़ियां तैनात की जाएंगी। दिल्ली पुलिस, जिला प्रशासन और दूसरी संबंधित एजेंसियां सुरक्षा और आपातकालीन व्यवस्था संभालेंगी।
प्रमुख मॉडल घाटों पर एलईडी स्क्रीन लगाई जाएंगी। इन पर छठ पूजा से जुड़ी जानकारी के साथ दिल्ली सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के बारे में भी बताया जाएगा।
रेलवे स्टेशन और बस अड्डों पर भी होंगे खास इंतजाम
छठ पूजा के दौरान बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश जाने वाले यात्रियों की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए दिल्ली सरकार रेलवे मंत्रालय के साथ समन्वय करेगी।
बसों से यात्रा करने वाले लोगों की सुविधा का भी ध्यान रखा जाएगा। इसके लिए आईएसबीटी यानी अंतरराज्यीय बस अड्डों पर जरूरी सूचनाएं, बैनर और भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था की जाएगी। जरूरत पड़ने पर नागरिक सुरक्षा कर्मियों की मदद भी ली जाएगी।
सरकार का उद्देश्य छठ महापर्व के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल देना है, ताकि पूजा के समय घाटों और यात्रा मार्गों पर भीड़ को बेहतर तरीके से संभाला जा सके।



