दिल्ली में कोई भी योग्य मतदाता वोटर लिस्ट से बाहर न रह जाए, इसके लिए चुनाव आयोग ने विशेष अभियान चलाने का फैसला किया है। इसके तहत 18 अक्टूबर और 25 अक्टूबर 2026 को दिल्ली के सभी मतदान केंद्रों पर स्पेशल कैंप लगाए जाएंगे। इन कैंपों में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) मौजूद रहेंगे और लोगों को मतदाता सूची से जुड़ी समस्याओं में मदद करेंगे।
इस अभियान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो और कोई भी योग्य व्यक्ति मतदान करने के अधिकार से वंचित न रहे।
15 हजार से ज्यादा अधिकारी अभियान में जुटे
दिल्ली में इस अभियान को सफल बनाने के लिए बड़े स्तर पर तैयारियां की गई हैं। इसमें 13 जिला निर्वाचन अधिकारी, 70 निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारी (ERO), 902 सहायक निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारी (AERO), 1,313 BLO सुपरवाइजर और 14,947 बूथ लेवल ऑफिसर काम कर रहे हैं।
ये अधिकारी मतदाताओं की मदद करेंगे और यह सुनिश्चित करने की कोशिश करेंगे कि सभी योग्य लोगों के नाम मतदाता सूची में दर्ज हों।
वोटर लिस्ट से जुड़ी मदद के लिए 1950 पर करें कॉल
अगर आपका नाम मतदाता सूची में नहीं है या आपको फॉर्म भरने में परेशानी हो रही है, तो आप चुनाव आयोग की हेल्पलाइन 1950 पर संपर्क कर सकते हैं।
इसके अलावा, कार्यालय के समय में जिला निर्वाचन अधिकारी के दफ्तर या अपने विधानसभा क्षेत्र के निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारी के कार्यालय में बने हेल्पडेस्क से भी सहायता ली जा सकती है।
30 अक्टूबर 2026 तक दर्ज कराएं दावा या आपत्ति
मतदाताओं को सलाह दी गई है कि वे ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में अपना नाम जरूर जांच लें। अगर नाम में कोई गलती है या नाम सूची में शामिल नहीं है, तो 30 अक्टूबर 2026 से पहले संबंधित फॉर्म भरकर आवेदन किया जा सकता है।
- फॉर्म-6: अगर आप योग्य मतदाता हैं और आपका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है, तो नया नाम जुड़वाने के लिए इस फॉर्म का इस्तेमाल करें।
- फॉर्म-7: मतदाता सूची में किसी नाम को शामिल करने या हटाने पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए इस फॉर्म का उपयोग किया जाता है।
- फॉर्म-8: वोटर लिस्ट में नाम, पता या अन्य जानकारी ठीक कराने, वोटर आईडी में बदलाव कराने या दिव्यांगता संबंधी जानकारी दर्ज कराने के लिए यह फॉर्म भरा जाता है।
दिल्ली में SIR की समय-सीमा बढ़ाई गई
चुनाव आयोग ने दिल्ली में चल रहे मतदाता सूची के विशेष सघन पुनरीक्षण (SIR) की समय-सीमा बढ़ा दी है। अब मतदाताओं को अपने दावे और आपत्तियां दर्ज कराने के लिए 30 अक्टूबर 2026 तक का समय मिलेगा।
संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, दावों और आपत्तियों पर कार्रवाई तथा नोटिसों के निपटारे की अंतिम तारीख 30 नवंबर 2026 तय की गई है। वहीं, अंतिम मतदाता सूची अब 4 दिसंबर 2026 को जारी की जाएगी।
पहले दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अंतिम तारीख 30 सितंबर थी और अंतिम मतदाता सूची 4 नवंबर को जारी होनी थी।
ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में 97 लाख से ज्यादा मतदाता
पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली की ड्राफ्ट मतदाता सूची में 97 लाख से अधिक मतदाता शामिल हैं। इनमें से 33.13 लाख लोगों को नोटिस जारी किए गए हैं।
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने 23 सितंबर को चुनाव आयोग को पत्र लिखकर SIR कार्यक्रम में बदलाव का अनुरोध किया था। इसके बाद आयोग ने कार्यक्रम की समय-सीमा बढ़ाने का फैसला लिया।
मतदाताओं के लिए जरूरी सलाह: अपना नाम वोटर लिस्ट में जरूर जांचें। अगर नाम नहीं है या किसी जानकारी में गलती है, तो तय समय-सीमा के भीतर आवेदन करें। किसी भी सहायता के लिए 1950 हेल्पलाइन पर संपर्क किया जा सकता है।



