Skip to content
Tuesday, 18 August 2026 NAV24 NEWS • हिंदी न्यूज़
FacebookInstagramYouTube
Nav24News
  • समाचार
    • व्यापार
    • दुनिया
    • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान और प्रौद्योगिकी
  • खेल
    • Matches
  • ज्योतिष
  • स्वास्थ्य
  • शहर और राज्य
  • खबर ज़रा हटके
लाइव
होम / national / Ayodhya Ram Mandir: राम मंदिर चंदा चोरी मामले…
national

Ayodhya Ram Mandir: राम मंदिर चंदा चोरी मामले में SIT की फाइनल रिपोर्ट, चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा के नाम नहीं; जानिए पूरा मामला

Ayodhya Ram Mandir News: अयोध्या के राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा चोरी और अनियमितता के मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। विशेष जांच दल यानी SIT ने अपनी फाइनल रिपोर्ट…

Niharika Gupta 18 August 2026, 1:10 pm
1 मिनट पढ़ें
Ayodhya Ram Mandir: राम मंदिर चंदा चोरी मामले में SIT की फाइनल रिपोर्ट, चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा के नाम नहीं; जानिए पूरा मामला
SHARE Facebook X WhatsApp Telegram

Ayodhya Ram Mandir News: अयोध्या के राम मंदिर से जुड़े कथित चंदा चोरी और अनियमितता के मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। विशेष जांच दल यानी SIT ने अपनी फाइनल रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार को सौंप दी है। रिपोर्ट को लेकर सामने आई जानकारी के मुताबिक राम मंदिर ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय और पूर्व ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा के खिलाफ कथित चोरी के मामले में सीधे तौर पर कोई आपराधिक भूमिका नहीं पाई गई है। उत्तर प्रदेश गृह विभाग ने SIT की रिपोर्ट को आगे की कार्रवाई के लिए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंप दिया है।

इस मामले की जांच लंबे समय से चल रही थी। मंदिर में आने वाले दान की गिनती, उसके रखरखाव, कर्मचारियों की भूमिका और दान में मिलने वाले सोने-चांदी समेत अन्य कीमती सामान की व्यवस्था को लेकर SIT ने कई स्तरों पर जांच की थी।

SIT ने सरकार को सौंपी फाइनल रिपोर्ट -चंपत राय

राम मंदिर दान मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल ने अपनी विस्तृत जांच पूरी करने के बाद फाइनल रिपोर्ट तैयार की। मंगलवार, 18 अगस्त को उत्तर प्रदेश गृह विभाग की ओर से रिपोर्ट को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंपे जाने की जानकारी सामने आई।

रिपोर्ट में जांच के दौरान सामने आए तथ्यों और संबंधित लोगों की भूमिका का उल्लेख किया गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा के खिलाफ कथित दान चोरी में आपराधिक संलिप्तता का आधार नहीं मिला। यही वजह है कि मामले में इन दोनों के नाम को लेकर पहले चल रही अटकलों पर अब काफी हद तक विराम लग गया है।

हालांकि, मामले में जिन लोगों के खिलाफ पहले से FIR और कार्रवाई हुई है, उनकी जांच और कानूनी प्रक्रिया अलग से जारी है।

क्या है राम मंदिर चंदा चोरी का पूरा मामला?

राम मंदिर में दान और चढ़ावे की गिनती से जुड़ी कथित अनियमितताओं का मामला जून 2026 में सामने आया था। आरोप लगाए गए थे कि मंदिर में आने वाले दान की गिनती और उसके रिकॉर्ड में गड़बड़ी हुई है।

इसके बाद पुलिस में शिकायत और FIR दर्ज हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच दल को जांच की जिम्मेदारी दी गई। SIT ने अयोध्या पहुंचकर मंदिर परिसर से जुड़े कई कर्मचारियों और अधिकारियों से पूछताछ की।

जांच के दौरान दान की गिनती करने वाले कर्मचारियों की भूमिका, बैंक अधिकारियों की जिम्मेदारी और मंदिर में जमा होने वाले नकद एवं कीमती चढ़ावे के रिकॉर्ड की जांच की गई।

करीब 150 संदिग्धों की हुई थी जांच

जांच के शुरुआती दौर में SIT ने बड़ी संख्या में लोगों को जांच के दायरे में लिया था। जून में सामने आई जानकारी के मुताबिक टीम ने करीब 150 संदिग्धों की पहचान की थी। इनमें मंदिर से जुड़े कर्मचारी, सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े लोग और अन्य संबंधित व्यक्ति शामिल थे।

जांच टीम ने मंदिर के वित्तीय रिकॉर्ड और कर्मचारियों से जुड़े दस्तावेज भी खंगाले थे। इसके साथ ही दान की गिनती और रिकॉर्ड रखने की प्रक्रिया को भी जांच का हिस्सा बनाया गया था।

SIT ने कई लोगों से पूछताछ की और दान की रकम तथा कीमती सामान की आवाजाही से जुड़े रिकॉर्ड को भी देखा।

चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा से भी पूछताछ

जांच के दौरान राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के तत्कालीन पदाधिकारियों से भी पूछताछ हुई थी। चंपत राय, डॉ. अनिल मिश्रा और निर्माण समिति से जुड़े अधिकारियों से जांच टीम ने सवाल किए थे।

जून में SIT ने चंपत राय, डॉ. अनिल मिश्रा और गोपाल राव से अलग-अलग पूछताछ की थी। जांच टीम ने मंदिर में दान की गिनती और उससे जुड़ी व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी जुटाई थी।

बाद में दोनों पदाधिकारियों ने अपने पदों से इस्तीफा भी दे दिया था। ट्रस्ट ने जुलाई में चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा के इस्तीफे स्वीकार किए थे।

फाइनल रिपोर्ट में क्या सामने आया?

अब SIT की फाइनल रिपोर्ट सामने आने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि जांच में किन लोगों की भूमिका संदिग्ध पाई गई और किन लोगों को राहत मिली।

ताजा रिपोर्ट के अनुसार चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा के खिलाफ कथित चोरी में सीधे तौर पर आपराधिक भूमिका नहीं पाई गई है। इसका मतलब यह है कि जांच में इन दोनों को चोरी के मामले में आरोपी बनाने के लिए पर्याप्त आधार नहीं मिला।

हालांकि, मंदिर की प्रशासनिक व्यवस्था और दान की गिनती से जुड़े कुछ सवालों को लेकर जांच में कई प्रक्रियागत कमियां सामने आने की बात कही गई है।

दान की गिनती की व्यवस्था पर उठे सवाल, क्या चंपत राय का नाम?

SIT की जांच का एक अहम हिस्सा मंदिर में आने वाले दान की गिनती की प्रक्रिया भी थी।

जांच में यह सवाल उठा कि दान की गिनती का काम किन कर्मचारियों से कराया जा रहा था और उनकी नियुक्ति किस काम के लिए हुई थी। रिपोर्टों के मुताबिक कुछ कर्मचारियों को मूल रूप से हाउसकीपिंग जैसे कामों के लिए नियुक्त किया गया था, लेकिन उन्हें नकदी की गिनती से जुड़े काम में लगाया गया था।

इसी तरह दान की गिनती के दौरान बैंक कर्मचारियों की भूमिका और निगरानी व्यवस्था को लेकर भी जांच की गई।

आगे दान गिनने की व्यवस्था में हो सकते हैं बदलाव

जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक मंदिर में दान की गिनती की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए कई सुझाव दिए गए हैं।

इनमें नियमित बैंक कर्मचारियों को दान की गिनती में लगाने, कर्मचारियों की ड्यूटी बदलने और एक बैंक अधिकारी की निगरानी में गिनती कराने जैसे सुझाव शामिल हैं। दानपेटी की चाबियों की सुरक्षा और उनके इस्तेमाल को लेकर भी अधिक स्पष्ट व्यवस्था बनाए जाने की सिफारिश की गई है।

इसका उद्देश्य भविष्य में दान की रकम और कीमती चढ़ावे को लेकर किसी भी तरह की अनियमितता की संभावना को कम करना है।

करोड़ों रुपये की रिकवरी का भी दावा

SIT की जांच के दौरान कुछ आरोपियों से पूछताछ के आधार पर करीब 2 करोड़ रुपये की रिकवरी की जानकारी सामने आई थी। जांच टीम ने मंदिर में दान की गिनती से जुड़े कुछ आरोपियों से पूछताछ के बाद रकम बरामद करने का दावा किया था।

इसके अलावा सोने से जुड़ी बरामदगी की बात भी सामने आई थी। जांच एजेंसियों ने दान में मिलने वाले सोने-चांदी और अन्य कीमती सामान के रिकॉर्ड की भी जांच की।

यानी जांच केवल नकद रकम तक सीमित नहीं थी, बल्कि मंदिर में चढ़ाए जाने वाले आभूषण और अन्य बहुमूल्य वस्तुओं को भी जांच के दायरे में रखा गया था।

FIR में किन लोगों के नाम थे?

मामले की शुरुआती FIR में कई लोगों को आरोपी बनाया गया था। इनमें तिन्नू यादव, सुभाष श्रीवास्तव, अनुकल्प, लवकुश, मनीष, अविनाश, करुणेश और रामाशंकर समेत अन्य नाम शामिल थे। डॉ. अनिल मिश्रा का नाम जांच के दौरान चर्चा में आया था, लेकिन शुरुआती FIR में उन्हें आरोपी नहीं बनाया गया था।

इसलिए SIT की फाइनल रिपोर्ट में चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा को लेकर सामने आया निष्कर्ष इस मामले में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

मामले में अब आगे क्या होगा?

SIT की रिपोर्ट सरकार को सौंपे जाने के बाद अब रिपोर्ट में दिए गए निष्कर्षों और सुझावों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। रिपोर्ट को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को भी सौंपा गया है।

जिन लोगों के खिलाफ FIR और जांच में ठोस सामग्री सामने आई है, उनके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है। वहीं प्रशासनिक स्तर पर मंदिर की दान व्यवस्था में बदलाव किए जाने की संभावना है।

इस मामले में अंतिम कानूनी स्थिति संबंधित जांच और अदालत की प्रक्रिया पर निर्भर करेगी।

चंपत राय और अनिल मिश्रा के लिए बड़ी राहत

SIT की फाइनल रिपोर्ट में चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा की कथित आपराधिक भूमिका सामने नहीं आने को दोनों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है।

जांच के दौरान दोनों के नाम को लेकर काफी चर्चा हुई थी। यहां तक कि कुछ रिपोर्टों में उनके खिलाफ कार्रवाई की संभावना भी जताई गई थी। हालांकि बाद की जांच में सामने आए निष्कर्ष अलग रहे।

यहां यह समझना जरूरी है कि SIT की रिपोर्ट किसी व्यक्ति को न्यायिक रूप से दोषी या निर्दोष घोषित करने वाला अदालत का फैसला नहीं होती। अंतिम कानूनी निष्कर्ष संबंधित न्यायिक प्रक्रिया में तय होते हैं।

राम मंदिर प्रशासन के लिए भी अहम रिपोर्ट

राम मंदिर देश के सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों में से एक है और यहां हर दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। मंदिर में आने वाले दान की रकम और चढ़ावे की मात्रा भी बड़ी होती है।

ऐसे में दान की गिनती, बैंकिंग, रिकॉर्ड और कीमती सामान के रखरखाव की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रखना जरूरी है। SIT की जांच के बाद इस व्यवस्था में सुधार के सुझाव सामने आना मंदिर प्रशासन के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

निष्कर्ष

Ayodhya Ram Mandir Donation Case में SIT की फाइनल रिपोर्ट ने मामले को नया मोड़ दिया है। उत्तर प्रदेश गृह विभाग ने SIT की रिपोर्ट को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को सौंप दिया है। ताजा जानकारी के मुताबिक चंपत राय और डॉ. अनिल मिश्रा की कथित दान चोरी में आपराधिक संलिप्तता नहीं पाई गई है।

वहीं दूसरी ओर, दान की गिनती और रिकॉर्ड व्यवस्था में सामने आई कथित कमियों को दूर करने के लिए नए नियम और निगरानी व्यवस्था लागू किए जाने की संभावना है। जांच में जिन आरोपियों के खिलाफ सामग्री सामने आई है, उनके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।

यह भी पढ़ें – 18 अगस्त की सुबह की बड़ी खबरें: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट; जानिए देश-दुनिया की बड़ी खबरें

यह खबर शेयर करें
REPORTER / AUTHOR

Niharika Gupta

NAV24 News की संपादकीय टीम से प्रकाशित रिपोर्ट।

लेखक की और खबरें →
MORE ON THIS STORY

संबंधित खबरें

Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट
INFORMATION

Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

4 hours पहले
BJP New Team Full List: नितिन नबीन की टीम में किसे मिली जगह?
समाचार

BJP New Team Full List: नितिन नबीन की टीम में किसे मिली जगह?

20 hours पहले
BJP New Team 2026: स्मृति ईरानी-वसुंधरा राजे की वापसी, नई राष्ट्रीय टीम का ऐलान
political

BJP New Team 2026: स्मृति ईरानी-वसुंधरा राजे की वापसी, नई राष्ट्रीय टीम का ऐलान

21 hours पहले
Cauvery Water Dispute: सुप्रीम कोर्ट का कर्नाटक को पानी छोड़ने का निर्देश
national

Cauvery Water Dispute: सुप्रीम कोर्ट का कर्नाटक को पानी छोड़ने का निर्देश

23 hours पहले

अभी महत्वपूर्ण

चमोली में टनल हादसा, 3 मजदूरों की मौत; 16 लोगों का रेस्क्यू भारतीय पासपोर्ट पर सरकार का बड़ा बयान, जानिए क्या कहा विदेश मंत्रालय ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला: नई SIT हुई सक्रिय, जल्द शुरू होगी जांच की समीक्षा भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट करेगा सुनवाई, मुस्लिम पक्ष की याचिका पर गुरुवार को होगी सुनवाई
NAV24 NEWSROOM

महत्वपूर्ण जानकारी

हमारे बारे मेंNAV24 News और हमारी टीम संपर्क करेंसुझाव, खबर और प्रतिक्रिया प्राइवेसी पॉलिसीडेटा और गोपनीयता जानकारी डिस्क्लेमरप्रकाशन संबंधी जानकारी
NAV24 CONNECT

सोशल मीडिया पर जुड़ें

FacebookInstagramYouTube
Facebook@nav24newsofficial Instagram@nav24news YouTube@OfficialNav24news
SECTION WATCH

national

Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

4 hours पहले
Cauvery Water Dispute: सुप्रीम कोर्ट का कर्नाटक को पानी छोड़ने का निर्देश

Cauvery Water Dispute: सुप्रीम कोर्ट का कर्नाटक को पानी छोड़ने का निर्देश

23 hours पहले
West Bengal स्कूल Controversy: स्कूल विवाद के बीच पिता की हत्या, जानें पूरा मामला

West Bengal स्कूल Controversy: स्कूल विवाद के बीच पिता की हत्या, जानें पूरा मामला

2 days पहले
अमृत Udyan 2026: 16 अगस्त से खुला अमृत उद्यान, जानें टाइमिंग और बुकिंग

अमृत Udyan 2026: 16 अगस्त से खुला अमृत उद्यान, जानें टाइमिंग और बुकिंग

2 days पहले
LATEST

ताज़ा खबरें

18 अगस्त की सुबह की बड़ी खबरें: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट; जानिए देश-दुनिया की बड़ी खबरें

18 अगस्त की सुबह की बड़ी खबरें: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट; जानिए देश-दुनिया की बड़ी खबरें

3 hours पहले
Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

Prayagraj Flood: प्रयागराज में बाढ़ जैसे हालात, सड़कों पर 4-5 फीट पानी; नावों से रेस्क्यू, झारखंड में भारी बारिश का अलर्ट

4 hours पहले
रेलवे स्टेशनों के पानी में मिला E.coli बैक्टीरिया, रेलवे ने उठाए बड़े कदम

रेलवे स्टेशनों के पानी में मिला E.coli बैक्टीरिया, रेलवे ने उठाए बड़े कदम

15 hours पहले
असम में दूसरी शादी करने वाले सरकारी कर्मचारियों पर सख्ती, पहली पत्नी को मिलेगी 20% सैलरी

असम में दूसरी शादी करने वाले सरकारी कर्मचारियों पर सख्ती, पहली पत्नी को मिलेगी 20% सैलरी

15 hours पहले
बारिश में बढ़ जाता है आंखों के संक्रमण का खतरा, इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

बारिश में बढ़ जाता है आंखों के संक्रमण का खतरा, इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

15 hours पहले
EXPLORE

कैटेगरी

समाचार विज्ञान और प्रौद्योगिकी खेल स्वास्थ्य ज्योतिष शहर और राज्य व्यापार अर्थव्यवस्था खबर ज़रा हटके
NAV24 NEWS

तेज़, स्पष्ट और जिम्मेदार हिंदी पत्रकारिता — बड़ी खबरें, राज्य, टेक, खेल और विश्लेषण एक पेशेवर डिजिटल न्यूज़रूम प्रस्तुति में।

FacebookInstagramYouTube

प्रमुख सेक्शन

  • समाचार
  • विज्ञान और प्रौद्योगिकी
  • खेल
  • ज्योतिष
  • स्वास्थ्य
  • व्यापार
  • अर्थव्यवस्था
  • शहर और राज्य
  • खबर ज़रा हटके

हमारे बारे में

  • हमारे बारे में
  • संपर्क करें
  • प्राइवेसी पॉलिसी
  • डिस्क्लेमर

फॉलो करें

Facebook, Instagram और YouTube पर NAV24 News से जुड़ें और ब्रेकिंग अपडेट सबसे पहले पाएँ।

YouTube चैनल
© 2026 NAV24 NEWS. सर्वाधिकार सुरक्षित। Design by Sync Soft Solution • Web Design, Development & Digital Marketing Agency • Delhi NCR, India