पश्चिम बंगाल में इस साल दुर्गा पूजा के दौरान महाअष्टमी के दिन शराब की बिक्री पूरी तरह बंद रहेगी। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने घोषणा की है कि अष्टमी के दिन राज्य की सभी शराब की दुकानें और बार बंद रहेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि महाअष्टमी का धार्मिक महत्व बहुत खास है। इस दिन श्रद्धालु मां दुर्गा को पुष्पांजलि अर्पित करते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए अष्टमी पर शराब की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाने का फैसला किया गया है।
पूजा समितियों को 1 लाख रुपये का अनुदान
दुर्गा पूजा को लेकर राज्य सरकार ने पूजा समितियों के लिए कई घोषणाएं की हैं। पूजा समितियों को 1 लाख रुपये का अनुदान देने के साथ मुफ्त बिजली और अनिवार्य फायर सेफ्टी लाइसेंस की फीस में छूट देने की बात कही गई है।
हालांकि, मुख्यमंत्री ने बड़े बजट वाली और आर्थिक रूप से सक्षम पूजा समितियों से सरकारी अनुदान नहीं लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जो समितियां अपने स्तर पर पूजा आयोजित कर सकती हैं, उन्हें सरकार पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।
मूर्ति विसर्जन को शांतिपूर्ण रखने की अपील
शुभेंदु अधिकारी ने पूजा समितियों से अपील की है कि पंडाल, मूर्ति और पूजा की थीम में धार्मिक या सांस्कृतिक परंपराओं के साथ छेड़छाड़ न की जाए। उन्होंने आयोजकों से ऐसी कोई गतिविधि नहीं करने को कहा, जिससे किसी की धार्मिक भावनाएं आहत हों।
उन्होंने मूर्ति विसर्जन के जुलूसों को शांतिपूर्ण तरीके से निकालने की भी अपील की है।
विसर्जन जुलूस में DJ पर रोक
मूर्ति विसर्जन के जुलूसों में DJ बजाने पर पूरी तरह रोक रहेगी। मुख्यमंत्री ने पूजा समितियों से लक्ष्मी पूजा से एक दिन पहले ही मूर्ति विसर्जन पूरा करने का आग्रह किया है, ताकि अगले त्योहार के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो।
इस साल नहीं होगा दुर्गा पूजा कार्निवल
राज्य सरकार ने इस साल कोलकाता के रेड रोड पर होने वाले प्रसिद्ध दुर्गा पूजा कार्निवल को आयोजित नहीं करने का फैसला किया है। इस कार्यक्रम में प्रमुख पूजा समितियां विसर्जन से पहले अपनी मूर्तियों का प्रदर्शन करती थीं।
रेड रोड का यह कार्निवल पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के कार्यकाल में शुरू हुआ था। इसे बंद करने का फैसला इस साल के दुर्गा पूजा समारोह में बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
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