भारत में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून एक बार फिर सक्रिय होने की तैयारी में है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस सप्ताह बंगाल की खाड़ी और मध्य भारत में दो अहम मौसम सिस्टम बनने की संभावना है। इन सिस्टम के सक्रिय होने के बाद देश के कई राज्यों में व्यापक बारिश हो सकती है। मौसम विभाग का मानना है कि आने वाले दिनों में कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
उत्तरी भारत में अबतक ठीक से जम नहीं पाया है. दिल्ली-NCR, हरियाणा और राजस्थान में भीषण गर्मी और उमस बनी हुई है. कहीं-कहीं थोड़ी बारिश और आंधी-तूफान से ही कुछ राहत मिल रही है. हालांकि इस इलाके में नमी लगातार बढ़ रही है, लेकिन मॉनसून का सिस्टम ठीक से न बन पाने के कारण बड़े पैमाने पर बारिश नहीं हो पा रही है.
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह बदलाव 1 जुलाई से 5 जुलाई के बीच शुरू होगा, जब मॉनसून के उत्तरी भारत में मजबूती से जमने और तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी. इस हफ़्ते बंगाल की खाड़ी के ऊपर लगातार 2 कम दबाव वाले क्षेत्र बनने और मध्य भारत से होते हुए जमीन की ओर बढ़ने की उम्मीद है. इन सिस्टम की वजह से हवा में नमी आने के कारण मॉनसून का सर्कुलेशन मजबूत होगा और पूर्वी, मध्य और पश्चिमी भारत में बारिश बढ़ेगी.
बता दें कि पश्चिमी तट पर भी जोरदार बारिश देखने को मिल सकती है. मुंबई में जहां इस सीजन की पहले ही भारी बारिश हो चुकी है, वहां फिर से तेज बारिश हो सकती है.
